भारी बर्फबारी और दुर्गम रास्ते बनी चुनौती
लापता लोगों का नहीं मिला कोई सुराग
विशेष माउंटेनियरिंग टीम के साथ सर्च अभियान जारी
उत्तरकाशी। उत्तराखंड के दुर्गम केदारताल क्षेत्र में लापता सात ट्रैकर्स और एक गाइड की तलाश के लिए SDRF का सर्च अभियान लगातार जारी है। दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों और भारी बर्फबारी के बीच रेस्क्यू टीम लापता लोगों तक पहुंचने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है। इसी क्रम में हेलीकॉप्टर की मदद से केदारताल क्षेत्र की दो बार हवाई रेकी की गई, लेकिन फिलहाल लापता ट्रैकर्स या उनके टेंट का कोई स्पष्ट सुराग नहीं मिल पाया है।
हेलीकॉप्टर से दो बार की गई हवाई रेकी
SDRF सेनानायक अर्पण यदुवंशी के निर्देश पर लापता ट्रैकर्स और गाइड की तलाश के लिए विशेष माउंटेनियरिंग टीम को अभियान में लगाया गया है।
इससे पहले SDRF की गंगोत्री टीम केदारताल क्षेत्र में पहुंचकर रेकी कर चुकी थी। हालांकि, अत्यधिक बर्फबारी और विषम परिस्थितियों के कारण सर्च अभियान को आगे बढ़ाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। ऐसे में हेलीकॉप्टर के माध्यम से क्षेत्र की हवाई रेकी करने का निर्णय लिया गया।
इसी क्रम में SDRF के दो जवान हेड कांस्टेबल रवि चौहान और कांस्टेबल दीपक पंत हेलीकॉप्टर से हर्षिल पहुंचे। इसके बाद हेलीकॉप्टर के जरिए केदारताल क्षेत्र की दो बार सघन हवाई रेकी की गई। इस दौरान लापता ट्रैकर्स अथवा उनके टेंट से संबंधित कोई स्पष्ट दृश्य संकेत नहीं मिल सके।
अतिरिक्त टीम और रेस्क्यू उपकरण रवाना
सर्च अभियान को और प्रभावी बनाने के लिए SDRF वाहिनी मुख्यालय से एक अतिरिक्त टीम आवश्यक रेस्क्यू और पर्वतारोहण उपकरणों के साथ रवाना कर दी गई है। यह टीम दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में परिस्थितियों के अनुकूल होने पर सर्च एवं रेस्क्यू अभियान को आगे बढ़ाएगी।
संबंधित एजेंसियों के साथ बनाई जा रही रणनीति
SDRF की ओर से बताया गया है कि अभियान को आगे बढ़ाने के लिए संबंधित एजेंसियों के साथ लगातार समन्वय स्थापित किया जा रहा है। मौसम, बर्फबारी और क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए आगामी कार्ययोजना तैयार की जा रही है।
फिलहाल सात ट्रैकर्स और एक गाइड की तलाश जारी है। SDRF की टीमें लापता लोगों का पता लगाने के लिए लगातार प्रयास कर रही हैं। दुर्गम परिस्थितियों के बावजूद रेस्क्यू अभियान को आगे बढ़ाने की तैयारी की जा रही है।









